हिंदू धर्म में वैसे तो कई सारे पर्व त्योहार मनाए जाते है लेकिन इन सभी में रंगों का त्योहार होली बेहद खास माना जाता है ये सनातन धर्म का प्रमुख पर्व है जो कि बड़ी धूमधाम के साथ मनाया जाता है इस साल होली का त्योहार देशभर में 8 मार्च को मनाया जाएगा।
इस दिन लोग गिले शिकवे भूलाकर एक दूसरे को रंग अबीर लगाते है और इस पर्व की शुभकामनाएं देते है।

रंग वाली होली से एक दिन पहले होलिका दहन किया जाता है जिसे लोग देवी देवताओं की पूजा कर होलिका दहन करते है ऐसे में अगर आप भी होलिका दहन पूजन में शामिल होकर भगवान का आशीर्वाद पाना चाहते है तो पूजन के वक्त भगवान नृसिंह की आरती का पाठ जरूर करें मान्यता है कि देवी देवताओं की आरती पढ़ने से जीवन की हर परेशानी दूर हो जाती है और पूजा पाठ का भी पूर्ण फल मिलता है। तो आज हम आपके लिए लेकर आए है भगवान नृसिंह की आरती।

भगवान नृसिंह की आरती-
नमस्ते नरसिंहाय
प्रह्लादाह्लाद-दायिने
हिरण्यकशिपोर्वक्षः-
शिला-टङ्क-नखालये
इतो नृसिंहः परतो नृसिंहो
यतो यतो यामि ततो नृसिंहः
बहिर्नृसिंहो हृदये नृसिंहो
नृसिंहमादिं शरणं प्रपद्ये
तव करकमलवरे नखमद्भुत-शृङ्गं
दलितहिरण्यकशिपुतनुभृङ्गम्
केशव धृतनरहरिरूप जय जगदीश हरे ।

भगवान नृसिंह की आरती-2
ॐ जय नरसिंह हरे,
प्रभु जय नरसिंह हरे ।
स्तंभ फाड़ प्रभु प्रकटे,
स्तंभ फाड़ प्रभु प्रकटे,
जनका ताप हरे ॥
ॐ जय नरसिंह हरे ॥
तुम हो दिन दयाला,
भक्तन हितकारी,
प्रभु भक्तन हितकारी ।
अद्भुत रूप बनाकर,
अद्भुत रूप बनाकर,
प्रकटे भय हारी ॥
ॐ जय नरसिंह हरे ॥
सबके ह्रदय विदारण,
दुस्यु जियो मारी,
प्रभु दुस्यु जियो मारी ।
दास जान आपनायो,
दास जान आपनायो,
जनपर कृपा करी ॥
ॐ जय नरसिंह हरे ॥
ब्रह्मा करत आरती,
माला पहिनावे,
प्रभु माला पहिनावे ।
शिवजी जय जय कहकर,
पुष्पन बरसावे ॥
ॐ जय नरसिंह हरे ॥






























