गोरखपुर। उत्तर प्रदेश सरकार के पूर्व राज्यमन्त्री और भाजपा के वरिष्ठ नेता डॉ के सी पाण्डेय ने कहा है कि एन ई रेलवे गोरखपुर अस्पताल की स्थिति बद से बदतर हो गई गई है।डॉ पाण्डेय ने रेलमंत्री अश्वनी वैष्णव को अवगत कराया है कि रेलवे अस्पताल में अल्ट्रासाउंड से लेकर इको आदि तक कि व्यवस्था नहीं है, आई सी यू और इमरजेंसी के सामने मरीजों के अटेन्डेन्ट के बैठने की व्यवस्था की गई थी। वहां के बेंच आदि टूट गए है और बड़े स्क्रीन की टी वी बन्द पड़ी है, जबकि एकतरफ पंखे बन्द है तो कूलर भी हटा दिया गया है, भर्ती रेलकर्मियों के परिजन परेशान है ।रेलवे अस्पताल की स्थिति दयनीय है कि मरीज तड़पते हैं लेकिन बमुश्किल जूनियर डॉक्टर ही मरीज को अटेन्ड करते हैं। वार्डों में सफाई व्यवस्था राम भरोसे है। कर्मचारियों को दवाइयां बाजार से खरीदनी पड़ रही है। आई सी सी यू और आई सी यू में भी सफाईकर्मी पैसा वसूल कर ही सफाई करते है, वरना गंदगी पड़ी रहती है। सारी जांच आदि रामभरोसे निजी अस्पतालों से कराई जा रही है। अक्सर मरीजों को प्राइवेट अस्पतालों को रेफर कर के चिकित्सक अपने कर्तव्य की इतिश्री कर लेते है।डॉ पाण्डेय, जो कि ऑल इण्डिया फारवर्ड रेलवे इम्प्लाइज एसोसिएशन के केंद्रीय अध्यक्ष भी हैं उन्होंने रेलमंत्री को अवगत कराया है कि पूर्वोत्तर रेलवे की महाप्रबंधक और मुख्य चिकित्सा निदेशक को रेलवे अस्पताल का आकस्मिक निरीक्षण करने का मौका ही नहीं है, जिससे डॉक्टर बेलगाम हो गए हैं । पूर्वोत्तर रेलवे का जोनल मुख्यालय होने के कारण उक्त अस्पताल का अविलम्ब हायर सेन्टर बनाया जाना तथा सभी आधुनिक चिकित्सा सुविधाओं को उपलब्ध कराना आवश्यक है ।




























