कोरोना महामारी के दौरान खराब वित्तीय हालत को देखते हुए रेलवे ने तीन श्रेणियों को छोड़कर सभी किराए में रियायत ( Railway fare concession ) बंद कर दी थी. राज्य सभा में एक लिखित प्रश्न का जवाब देते हुए Ashwini Vaishnav Railway Minister ने कहा कि Railway जल्द ही सीनियर सिटीजन को मिलने वाली छूट को बहाल कर सकता है.
नई दिल्ली : भारतीय रेलवे किराए में वरिष्ठ नागरिकों को मिलने वाली छूट, जल्द ही बहाल कर सकती है. दरअसल कोविड महामारी के दौरान खराब वित्तीय हालत को देखते हुए रेलवे ने तीन श्रेणियों को छोड़कर सभी के किराए में रियायत ( Railways fare concession ) बंद कर दी थी, इनमें वरिष्ठ नागरिक भी हैं. महामारी से पहले 60 साल से ज्यादा उम्र के नागरिकों को 50 फीसदी की छूट मिलती थी. अब COVID 19 का खतरा कम होने और देश में अन्य सभी तरह की गतिविधियों के पूरी तरह सामान्य होने के बाद भी वरिष्ठ नागरिकों को ये राहत बहाल Senior citizens concession नहीं की गई.
इस बीच केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ( Union Railway Minister Ashwini Vaishnav ) ने राज्य सभा में एक लिखित प्रश्न का जवाब देते हुए कहा कि रेलवे जल्द ही सीनियर सिटीजन को मिलने वाली छूट को बहाल कर सकता है. Union Railway Minister Ashwini Vaishnav ने राज्यसभा को बताया कि Indian Railway ने 2019-20 में यात्री टिकटों पर 59837 करोड़ रुपये की सब्सिडी दी, जो यात्रा करने वाले प्रत्येक व्यक्ति के लिए लगभग 53 फीसदी की औसत रियायत है.
Railway Board ने बताया कि वो वरिष्ठ नागरिकों के किराए में रियायत देने का प्लान बना रहा है. रेलवे इस मामले पर अभी विचार कर रहा है, लेकिन इसके नियमों में कुछ बदलाव कर सकता है. फिलहाल इसके लिए स्थायी समिति इस पर विचार कर रही है. वरिष्ठ नागरिकों को कम से कम स्लीपर और 3 एसी रियायत की समीक्षा करने की सलाह दी है. वहीं संसदीय पैनल ने भी सिफारिश की है कि सीनियर सिटीजन को रेलवे टिकट पर छूट बहाल की जानी चाहिए.



































