स्कॉटलैंड के ग्लासगो शहर में आयोजित कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारतीय एथलीटों ने शानदार प्रदर्शन किया। प्रतियोगिता समाप्त होने के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 9 अगस्त को पीएम आवास पर सभी पदक विजेताओं से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने सभी मेडलिस्ट से बातचीत की और पदक जीतने पर उन्हें बधाई दी। प्रधानमंत्री ने इस मुलाकात का एक रील भी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म इंस्टाग्राम पर शेयर किया। इसमें उन्होंने कहा कि जो खेलेगा वो खिलेगा और खिलाड़ियों का उत्साह बढ़ाया।
उत्साहवर्धक रील और नारा: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा शेयर किए गए रील में उन्होंने खिलाड़ियों से हमेशा देश का हौसला बढ़ाने की बात कही। इसके बाद पीएम मोदी ने भारत माता की जय का नारा भी लगाया। वहां मौजूद सभी एथलीटों ने प्रधानमंत्री के साथ इस नारे को एक साथ दोहराया। इस रील को सोशल मीडिया पर खेल प्रेमियों द्वारा काफी पसंद किया जा रहा है। प्रधानमंत्री की इस पहल से खिलाड़ियों का मनोबल काफी बढ़ा है।
साक्षी चौधरी का आभार: इंस्टाग्राम रील में कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में गोल्ड मेडल जीतने वाली महिला मुक्केबाज साक्षी चौधरी ने वीडियो को होस्ट किया। साक्षी चौधरी ने इस खास मुलाकात के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का दिल से आभार जताया। वीडियो में साक्षी ने कहा कि नमस्ते दोस्तों आज पीएम सर ने कॉमनवेल्थ गेम्स के मेडलिस्ट को बुलाया है। उन्होंने आगे कहा कि पीएम से मिलकर हम सभी खिलाड़ियों को काफी गर्व महसूस हो रहा है।
पदक तालिका में भारत: भारतीय दल ने कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए कुल 39 पदक अपने नाम किए। इनमें भारतीय एथलीटों ने 13 गोल्ड मेडल, 17 सिल्वर मेडल और 9 कांस्य पदक जीतने में सफलता पाई। इन शानदार पदकों के दम पर भारत मेडल टैली में चौथे नंबर पर रहा। भारतीय खिलाड़ियों का यह प्रदर्शन पूरे देश के लिए अत्यंत गर्व का विषय रहा। सभी एथलीटों ने विभिन्न खेल स्पर्धाओं में अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया।
खेलों का विस्तृत ब्योरा: इस बार के खेलों में मुक्केबाजी में भारत को सबसे ज्यादा सफलता मिली जहां अलग-अलग कैटेगिरी में कुल 10 मेडल आए। बॉक्सिंग में भारतीय मुक्केबाजों ने 7 गोल्ड और 3 सिल्वर मेडल जीते। इसके अलावा एथलेटिक्स में 10 मेडल मिले, जिनमें गुलवीर सिंह ने दो अलग-अलग इवेंट में पदक जीते। वेटलिफ्टिंग में 8, पैरा एथलेटिक्स में 6, जूडो में 4 और पैरा पावरलिफ्टिंग में 1 मेडल हासिल हुआ।
ऐतिहासिक जीत और लक्ष्य: जूडो स्पर्धा में भारत ने इतिहास रचते हुए पहली बार कॉमनवेल्थ गेम्स में गोल्ड मेडल जीता। एथलीटों के इस उत्कृष्ट प्रदर्शन ने भारतीय खेल जगत में नया उत्साह भर दिया है। राष्ट्रमंडल खेलों की इस सफलता के बाद अब सभी की नजरें आगामी एशियन गेम्स पर टिकी हैं। जापान में आयोजित होने वाले एशियन गेम्स को लेकर तैयारियां शुरू हो चुकी हैं। वहां भी भारतीय एथलीटों से शानदार प्रदर्शन और ढेरों पदक जीतने की उम्मीद जताई जा रही है।













































