उत्तर प्रदेश की 10 राज्यसभा सीटों पर होने वाले चुनाव से पहले भारतीय जनता पार्टी ने संभावित उम्मीदवारों के नामों को लेकर अपना पैनल केंद्रीय नेतृत्व के पास भेज दिया है। आठ राज्यसभा सीटों के लिए तीन-तीन नामों का पैनल तैयार किए जाने की जानकारी सामने आई है, जबकि कुल सूची में 25 नेताओं के नाम बताए जा रहे हैं। इनमें से अंतिम रूप से आठ नेताओं का चयन किया जाएगा। प्रदेश स्तर पर नामों की यह प्रक्रिया पूरी होने के बाद अब केंद्रीय नेतृत्व की ओर से संभावित उम्मीदवारों के नामों पर विचार किया जाएगा। राज्यसभा चुनाव के लिए प्रत्याशियों के चयन को लेकर पार्टी के भीतर मंथन के बीच यह पैनल सामने आया है।
चर्चा में आए ये नाम: संभावित उम्मीदवारों की सूची में राजवीर सिंह राजू भैया, बीएल वर्मा, कुमार विश्वास, हरीश द्विवेदी, सुब्रत पाठक, त्र्यंबक त्रिपाठी, दुर्विजय शाक्य और सुरेश राणा के नाम शामिल हैं। इसके साथ गीता शाक्य, रेखा वर्मा, प्रियंका रावत, कौशल किशोर और स्मृति ईरानी को भी पैनल में जगह मिलने की जानकारी है। अन्य संभावित नामों में कामेश्वर सिंह, दिलीप पटेल, अनिल अग्रवाल, राजेन्द्र अग्रवाल, ममतेश शाक्य, रमापति राम त्रिपाठी, संजीव बालियान, सत्यपाल सिंह, हरदीप सिंह पुरी, बृजलाल, रामशंकर कठेरिया और प्रकाश पाल शामिल हैं। इस तरह संभावित नामों की सूची में अलग-अलग क्षेत्रों से जुड़े नेताओं को शामिल किया गया है और अंतिम चयन अब केंद्रीय स्तर पर होना है।
आठ सीटों पर बीजेपी का कब्जा: उत्तर प्रदेश में राज्यसभा की कुल 10 सीटों पर 16 अक्टूबर को चुनाव कराया जाएगा। मौजूदा सांसदों का कार्यकाल 25 नवंबर को पूरा हो रहा है, जिसके चलते इन सीटों पर नए चुनाव की प्रक्रिया शुरू हुई है। वर्तमान स्थिति में इन 10 सीटों में से आठ भारतीय जनता पार्टी के पास हैं, जबकि समाजवादी पार्टी और बहुजन समाज पार्टी के पास एक-एक सीट है। इसी चुनावी समीकरण के बीच बीजेपी ने आठ सीटों के लिए संभावित नामों का पैनल तैयार कर केंद्रीय नेतृत्व को भेजा है। हालांकि पैनल में शामिल 25 नामों में से अंतिम आठ उम्मीदवार कौन होंगे, यह अभी तय नहीं हुआ है।
कई पुराने और चर्चित नाम शामिल: पैनल की सूची पर नजर डालें तो इसमें ऐसे कई नाम हैं जो पहले संसद या संगठन में महत्वपूर्ण भूमिकाओं में रह चुके हैं। सूची में कुमार विश्वास, स्मृति ईरानी और हरदीप सिंह पुरी जैसे चर्चित नाम हैं, तो वहीं बीएल वर्मा, गीता शाक्य, बृजलाल, संजीव बालियान और सत्यपाल सिंह सहित कई अन्य नेताओं को भी संभावित दावेदारों में शामिल किया गया है। हरीश द्विवेदी, सुब्रत पाठक, कौशल किशोर, रामशंकर कठेरिया और राजवीर सिंह राजू भैया के नाम भी इस पैनल का हिस्सा बताए गए हैं। प्रदेश इकाई की ओर से नाम भेजे जाने के बाद अब केंद्रीय नेतृत्व को इन विकल्पों में से अंतिम आठ उम्मीदवार तय करने हैं।
नामांकन से मतगणना तक कार्यक्रम: राज्यसभा चुनाव की प्रक्रिया के तहत 29 सितंबर को अधिसूचना जारी की जाएगी। नामांकन दाखिल करने की अंतिम तारीख छह अक्टूबर निर्धारित है। सात अक्टूबर को नामांकन पत्रों की जांच होगी और नौ अक्टूबर तक उम्मीदवार अपना नाम वापस ले सकेंगे। इसके बाद 16 अक्टूबर को मतदान कराया जाएगा। मतदान सुबह नौ बजे से शुरू होकर शाम चार बजे तक चलेगा। मतदान समाप्त होने के बाद उसी दिन शाम पांच बजे से मतगणना शुरू की जाएगी। चुनाव आयोग के कार्यक्रम के अनुसार पूरी चुनाव प्रक्रिया 19 अक्टूबर तक पूरी कर ली जाएगी।
अंतिम सूची का इंतजार: बीजेपी की प्रदेश इकाई की ओर से केंद्रीय नेतृत्व को भेजे गए पैनल के बाद अब सभी की नजर अंतिम प्रत्याशियों की घोषणा पर है। आठ सीटों के लिए तीन-तीन नामों के आधार पर तैयार किए गए पैनल में कुल 25 नेताओं के नाम होने की जानकारी है। अंतिम निर्णय के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि इनमें से किन आठ नेताओं को राज्यसभा चुनाव में पार्टी का उम्मीदवार बनाया जाता है। उत्तर प्रदेश की 10 सीटों पर होने वाले चुनाव में मौजूदा स्थिति में बीजेपी के पास आठ सीटें हैं, जबकि एक-एक सीट समाजवादी पार्टी और बहुजन समाज पार्टी के पास है। 16 अक्टूबर के मतदान और शाम पांच बजे से शुरू होने वाली मतगणना के साथ इस चुनाव की प्रक्रिया निर्णायक चरण में पहुंचेगी।













































