भूकंप से सहमे लोग: Japan में एक बार फिर धरती कांपने से आम नागरिकों के बीच डर का माहौल पैदा हो गया है। सोमवार तड़के आए 6.1 तीव्रता के भूकंप के कारण नींद से जागे लोग इतने घबरा गए कि उन्हें अपनी सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए घबराहट में घरों से बाहर सुरक्षित स्थानों की ओर भागना पड़ा।
सुबह के समय आई आपदा: Japan के समयानुसार यह भूकंपीय घटना सुबह ठीक 5 बजकर 24 मिनट पर घटी। प्रभावित इलाकों में भूकंप की तीव्रता और झटकों का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि उस दौरान लोगों को अपना शारीरिक संतुलन बनाए रखने में भी बहुत परेशानी महसूस हुई।
भूकंप का भूगर्भीय केंद्र: US Geological Survey के सटीक आंकड़ों के मुताबिक, यह भूकंप Hokkaido द्वीप के Sarabetsu शहर से 18 किलोमीटर पश्चिम दिशा में उत्पन्न हुआ। इस भूकंप की गहराई सतह से 81 किलोमीटर नीचे गहराई में थी, जिसने आसपास के बड़े इलाके को प्रभावित किया।
राहत और बचाव की स्थिति: तेज झटकों के कारण कई इमारतों के अंदर रखा हुआ सामान नीचे गिर गया, जिससे लोगों की चिंता और बढ़ गई। हालांकि, स्थानीय अधिकारियों के लिए यह एक सकारात्मक खबर है कि इन तेज झटकों के बावजूद इलाके से अब तक किसी भी प्रकार की जनहानि या बड़े विनाश की कोई रिपोर्ट नहीं आई है।
सुनामी का खतरा टला: भूकंप के तुरंत बाद समुद्री तटों के आसपास रहने वाले लोगों की निगाहें मौसम विभाग की चेतावनियों पर टिक गई थीं। लेकिन Japan Meteorological Agency ने स्पष्ट रूप से जानकारी दी है कि वर्तमान भूकंप से सुनामी लहरें उठने की कोई आशंका नहीं है, इसलिए कोई चेतावनी जारी नहीं की गई है।
संवेदनशील क्षेत्र का इतिहास: Japan का भौगोलिक स्थान इसे भूकंप के लिए अति संवेदनशील बनाता है। इसी भूगर्भीय संवेदनशीलता के कारण पिछले ही सोमवार को यहां 7.7 तीव्रता का एक बड़ा भूकंप दर्ज किया गया था, जिसने तटीय इलाकों के लिए ‘मेगाक्वेक’ के संभावित खतरे और कुछ देर के लिए सुनामी अलर्ट जैसी स्थितियां पैदा कर दी थीं।



































