29 सितंबर को आश्विन मास के कृष्ण पक्ष की तृतीया तिथि और मंगलवार का दिन है। आज तृतीया तिथि शाम 05:09 बजे तक रहेगी, जिसके बाद चतुर्थी तिथि शुरू होगी। पितृपक्ष के दौरान आज उन पितरों के निमित्त श्राद्ध किया जाएगा, जिनका निधन किसी भी माह और किसी भी पक्ष की तृतीया तिथि को हुआ हो। इसके साथ ही आज संकष्टी श्री गणेश चतुर्थी का व्रत भी रखा जाएगा। दिन में अश्विनी नक्षत्र के बाद भरणी नक्षत्र का संयोग बनेगा, जबकि व्याघात योग के बाद हर्षण योग रहेगा। जानिए मंगलवार का पंचांग, शुभ-अशुभ मुहूर्त, राहुकाल, चौघड़िया और सूर्योदय-सूर्यास्त का समय।
प्रमुख पंचांग विवरण
वार: मंगलवार
विक्रम संवत: 2083
शक संवत: 1948
मास: आश्विन मास, कृष्ण पक्ष
तिथि: तृतीया तिथि शाम 05:09 बजे तक, इसके बाद चतुर्थी तिथि
नक्षत्र: अश्विनी नक्षत्र सुबह 09:03 बजे तक, इसके बाद भरणी नक्षत्र
योग: व्याघात योग सुबह 06:13 बजे तक, इसके बाद हर्षण योग
सूर्य राशि: कन्या राशि
चंद्र राशि: मेष राशि में पूरे दिन-रात
शुभ मुहूर्त
ब्रह्म मुहूर्त: 04:37 ए एम से 05:25 ए एम
प्रातः सन्ध्या: 05:01 ए एम से 06:13 ए एम
अभिजित मुहूर्त: 11:47 ए एम से 12:35 पी एम
विजय मुहूर्त: 02:11 पी एम से 02:58 पी एम
गोधूलि मुहूर्त: 06:10 पी एम से 06:34 पी एम
सायाह्न सन्ध्या: 06:10 पी एम से 07:22 पी एम
अमृत काल: 03:06 ए एम से 04:36 ए एम, 30 सितंबर
निशिता मुहूर्त: 11:47 पी एम से 12:36 ए एम, 30 सितंबर
अशुभ मुहूर्त
राहुकाल: दिल्ली मानक समय के अनुसार दोपहर 03:11 पी एम से शाम 04:41 पी एम तक
यमगण्ड काल: सुबह 09:13 ए एम से 10:42 ए एम तक
गुलिक काल: दोपहर 12:12 पी एम से 01:42 पी एम तक
दिशाशूल: उत्तर दिशा
सूर्य और चंद्रमा के उदय-अस्त का समय
सूर्योदय: सुबह 06:14 बजे
सूर्यास्त: शाम 06:10 बजे
चन्द्रोदय: शाम 07:45 बजे
चन्द्रास्त: 30 सितंबर को सुबह 08:40 बजे
दिन की चौघड़िया
रोग: सुबह 06:12 ए एम से 07:40 ए एम तक
उद्वेग: सुबह 07:40 ए एम से 09:09 ए एम तक
चर: सुबह 09:09 ए एम से 10:38 ए एम तक
लाभ: सुबह 10:38 ए एम से दोपहर 12:07 पी एम तक
अमृत: दोपहर 12:07 पी एम से 01:35 पी एम तक
काल: दोपहर 01:35 पी एम से 03:04 पी एम तक
शुभ: दोपहर 03:04 पी एम से शाम 04:33 पी एम तक
रोग: शाम 04:33 पी एम से 06:01 पी एम तक
रात्रि की चौघड़िया
काल: शाम 06:01 पी एम से रात 07:33 पी एम तक
लाभ: रात 07:33 पी एम से 09:04 पी एम तक
उद्वेग: रात 09:04 पी एम से 10:35 पी एम तक
शुभ: रात 10:35 पी एम से 12:07 ए एम, 30 सितंबर तक
अमृत: मध्यरात्रि 12:07 ए एम से तड़के 01:38 ए एम तक
चर: तड़के 01:38 ए एम से सुबह 03:10 ए एम तक
रोग: सुबह 03:10 ए एम से 04:41 ए एम तक
काल: सुबह 04:41 ए एम से 06:12 ए एम तक
राज्यवार राहुकाल
| क्रमांक | राज्य / केंद्रशासित प्रदेश | राजधानी / प्रमुख शहर | राहुकाल समय (29.09.2026) |
|---|---|---|---|
| 1 | उत्तर प्रदेश | लखनऊ | दोपहर 02:56 पी एम से शाम 04:25 पी एम |
| 2 | दिल्ली (केंद्र शासित) | नई दिल्ली | दोपहर 03:11 पी एम से शाम 04:41 पी एम |
| 3 | जम्मू और कश्मीर (केंद्र शासित) | श्रीनगर | दोपहर 03:18 पी एम से शाम 04:47 पी एम |
| 4 | आंध्र प्रदेश | अमरावती | दोपहर 02:59 पी एम से शाम 04:29 पी एम |
| 5 | अरुणाचल प्रदेश | इटानगर | दोपहर 02:08 पी एम से शाम 03:37 पी एम |
| 6 | असम | दिसपुर / गुवाहाटी | दोपहर 02:17 पी एम से शाम 03:46 पी एम |
| 7 | बिहार | पटना | दोपहर 02:40 पी एम से शाम 04:09 पी एम |
| 8 | छत्तीसगढ़ | रायपुर | दोपहर 02:54 पी एम से शाम 04:23 पी एम |
| 9 | गोवा | पणजी | दोपहर 03:22 पी एम से शाम 04:52 पी एम |
| 10 | गुजरात | गांधीनगर | दोपहर 03:31 पी एम से शाम 05:01 पी एम |
| 11 | हरियाणा | चंडीगढ़ | दोपहर 03:13 पी एम से शाम 04:42 पी एम |
| 12 | हिमाचल प्रदेश | शिमला | दोपहर 03:12 पी एम से शाम 04:41 पी एम |
| 13 | झारखंड | रांची | दोपहर 02:42 पी एम से शाम 04:11 पी एम |
| 14 | कर्नाटक | बेंगलुरु | दोपहर 03:09 पी एम से शाम 04:39 पी एम |
| 15 | केरल | तिरुवनंतपुरम | दोपहर 03:11 पी एम से शाम 04:41 पी एम |
| 16 | मध्य प्रदेश | भोपाल | दोपहर 03:11 पी एम से शाम 04:40 पी एम |
| 17 | महाराष्ट्र | मुंबई | दोपहर 03:27 पी एम से शाम 04:57 पी एम |
| 18 | मणिपुर | इम्फाल | दोपहर 02:07 पी एम से शाम 03:36 पी एम |
| 19 | मेघालय | शिलांग | दोपहर 02:19 पी एम से शाम 03:48 पी एम |
| 20 | मिजोरम | आइजोल | दोपहर 02:10 पी एम से शाम 03:39 पी एम |
| 21 | नागालैंड | कोहिमा | दोपहर 02:07 पी एम से शाम 03:36 पी एम |
| 22 | ओडिशा | भुवनेश्वर | दोपहर 02:39 पी एम से शाम 04:08 पी एम |
| 23 | पंजाब | चंडीगढ़ | दोपहर 03:13 पी एम से शाम 04:42 पी एम |
| 24 | राजस्थान | जयपुर | दोपहर 03:21 पी एम से शाम 04:51 पी एम |
| 25 | सिक्किम | गंगटोक | दोपहर 02:29 पी एम से शाम 03:58 पी एम |
| 26 | तमिलनाडु | चेन्नई | दोपहर 02:59 पी एम से शाम 04:29 पी एम |
| 27 | तेलंगाना | हैदराबाद | दोपहर 03:02 पी एम से शाम 04:32 पी एम |
| 28 | त्रिपुरा | अगरतला | दोपहर 02:14 पी एम से शाम 03:43 पी एम |
| 29 | उत्तराखंड | देहरादून | दोपहर 03:09 पी एम से शाम 04:38 पी एम |
| 30 | पश्चिम बंगाल | कोलकाता | दोपहर 02:32 पी एम से शाम 04:01 पी एम |
तृतीया श्राद्ध और संकष्टी चतुर्थी: पितृपक्ष के दौरान तृतीया तिथि पर उन पूर्वजों का श्राद्ध किया जाता है, जिनका निधन किसी भी माह के शुक्ल या कृष्ण पक्ष की तृतीया तिथि को हुआ हो। चूंकि आज दोपहर के समय तृतीया तिथि विद्यमान रहेगी, इसलिए तृतीया तिथि में दिवंगत हुए पितरों का श्राद्ध आज किया जाएगा। मान्यता है कि इस तिथि पर विधि-विधान से श्राद्ध कर्म करने से व्यक्ति को शत्रुओं और विरोधियों से मुक्ति मिलती है तथा विरोधी उसका अहित नहीं कर पाते। इसलिए जिन परिवारों में पूर्वज का निधन तृतीया तिथि को हुआ था, उनके लिए आज श्राद्ध कर्म करना विशेष माना गया है। इसके साथ ही आज संकष्टी श्री गणेश चतुर्थी का व्रत भी रखा जाएगा।














































