चल रही पांच मैचों की टी-20 सीरीज के दूसरे मुकाबले में भी निराशा हाथ लगी है। इस अहम मैच में भारतीय टीम को चार विकेट से एक बड़ी हार का सामना करना पड़ा है। इस ताजा हार के साथ ही पूरी टीम मौजूदा सीरीज में 0-1 से पीछे हो गई है। यह हार इसलिए भी खास है क्योंकि श्रेयस अय्यर की कप्तानी में यह टीम की लगातार तीसरी हार है। इस निराशाजनक प्रदर्शन के बाद टीम की मौजूदा रणनीतियों पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।
मौसम और पिच की चुनौती मैच खत्म होने के बाद विकेटकीपर बल्लेबाज ईशान किशन ने मीडिया के सवालों का जवाब दिया। उन्होंने भारतीय टीम की इस करारी हार के प्रमुख कारणों पर खुलकर अपनी बात रखी। किशन का मानना है कि सभी खिलाड़ियों को इंग्लैंड के मौसम के हिसाब से खुद को ढालना होगा। इसके अलावा उन्हें वहां की पिचों के मिजाज को समझकर अपने खेल को तुरंत बेहतर बनाना होगा। इन जरूरी बदलावों के बिना टीम के लिए विदेशी धरती पर जीत हासिल करना मुश्किल साबित होगा।
मिडिल ओवर्स की बड़ी कमजोरी प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान टीम की बल्लेबाजी से जुड़ी गंभीर कमियों पर भी चर्चा की गई। किशन ने स्वीकार किया कि मैच के मिडिल ओवर्स में धीमी गति से रन बनाना एक बड़ी कमजोरी है। इस अहम कमी को दूर करने के लिए टीम को एक नई रणनीति पर काम करना होगा। खिलाड़ियों को यह देखना होगा कि वे एक टीम के तौर पर बीच के ओवरों में 20 अतिरिक्त रन कैसे बना सकते हैं। टीम प्रबंधन इस मुद्दे पर आपस में बात करके अगले मैच में अच्छा खेल दिखाने का प्रयास करेगा।
विपक्षी टीम की शानदार रणनीति ईशान ने अपनी बात रखते हुए विपक्षी टीम के गेंदबाजों के प्रदर्शन की जमकर तारीफ की। उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा कि इंग्लैंड के पास मौजूदा समय में वाकई बेहद अच्छे गेंदबाज मौजूद हैं। वे सभी गेंदबाज अपने घरेलू माहौल और परिस्थितियों को भारतीय खिलाड़ियों से कहीं बेहतर समझते हैं। हालांकि, भारतीय टीम भी अपने खेल को लगातार सुधारने की हर संभव कोशिश कर रही है। भारतीय खिलाड़ी यह समझने का प्रयास कर रहे हैं कि उनके खिलाफ विरोधी टीम कौन सी विशेष रणनीति अपना रही है।
मैच का अहम टर्निंग पॉइंट ईशान किशन ने बताया कि यह दूसरा मुकाबला शुरू से ही पूरी तरह से हमारी पकड़ में था। लेकिन खेल के दौरान इंग्लैंड को मिले दो फ्री हिट ने पूरा पासा ही पलट कर रख दिया। इन दो फ्री हिट की वजह से उनके बल्लेबाजों पर से दबाव एकदम से काफी कम हो गया। उन्होंने इसका भरपूर फायदा उठाते हुए अपनी टीम को आसानी से जीत की तरफ धकेल दिया। इसके साथ ही किशन ने बेथेल की तारीफ करते हुए कहा कि वह पिच पर टिके रहे और मौके का पूरा लाभ उठाया।
खिलाड़ियों की मानसिकता और वापसी हार के मनोवैज्ञानिक प्रभाव पर बात करते हुए विकेटकीपर बल्लेबाज ने एक बहुत ही अहम बात मानी। उन्होंने साफ कहा कि बार-बार हारने से पूरी टीम की मानसिकता पर बहुत गहरा असर पड़ता है। फिर भी, टीम के खिलाड़ी इतने समझदार हैं कि वे हार को समझकर एक साथ आगे बढ़ सकते हैं। भले ही टीम जीत नहीं पाई है, लेकिन सभी खिलाड़ी आपस में मिलकर काफी अच्छा क्रिकेट खेल रहे हैं। अब अपनी कमियों में सुधार करते हुए भारत और इंग्लैंड के बीच इस सीरीज का तीसरा मैच 7 जुलाई को खेला जाएगा।





































