भारतीय सेना में अधिकारी बनने का अवसर, 14 अक्टूबर से आवेदन शुरू: भारतीय सेना ने टेक्निकल एंट्री स्कीम के 57वें पाठ्यक्रम यानी टीईएस-57 के लिए भर्ती प्रक्रिया की घोषणा की है। इस प्रवेश योजना के माध्यम से योग्य युवाओं को सेना में अधिकारी बनने का अवसर मिलेगा। यह पाठ्यक्रम जुलाई 2027 में शुरू होने वाला है। खास बात यह है कि इसमें चयन के लिए अलग से लिखित परीक्षा आयोजित नहीं की जाएगी, बल्कि निर्धारित शैक्षणिक योग्यता और अन्य मानदंडों के आधार पर उम्मीदवारों की छंटनी की जाएगी। इसके बाद चयनित अभ्यर्थियों को सेवा चयन बोर्ड के साक्षात्कार, चिकित्सा जांच और अंतिम मेरिट सूची की प्रक्रिया से गुजरना होगा। ऑनलाइन आवेदन 14 अक्टूबर 2026 से शुरू होंगे और इच्छुक उम्मीदवार 12 नवंबर 2026 तक फॉर्म भर सकेंगे। आवेदन करने से पहले अभ्यर्थियों को आधिकारिक वेबसाइट joinindianarmy.nic.in पर उपलब्ध विस्तृत अधिसूचना पढ़नी चाहिए, ताकि उन्हें पात्रता, जन्मतिथि, शारीरिक योग्यता और चयन प्रक्रिया से संबंधित सभी शर्तों की सही जानकारी मिल सके।
12वीं में पीसीएम विषयों के साथ 60 प्रतिशत अंक जरूरी: टीईएस-57 के लिए वही अविवाहित पुरुष उम्मीदवार आवेदन कर सकेंगे, जिन्होंने किसी मान्यता प्राप्त बोर्ड से भौतिक विज्ञान, रसायन विज्ञान और गणित विषयों के साथ बारहवीं की परीक्षा उत्तीर्ण की हो। इन तीनों विषयों में कुल मिलाकर कम से कम 60 प्रतिशत अंक होना आवश्यक है। इसके अतिरिक्त उम्मीदवार का जेईई मेन 2026 में शामिल होना भी अनिवार्य है। केवल बारहवीं में निर्धारित अंक प्राप्त कर लेना पर्याप्त नहीं होगा, क्योंकि जेईई मेन में उपस्थिति और सेना के अन्य पात्रता मानदंडों को पूरा करना भी जरूरी है। उम्मीदवारों को निर्धारित चिकित्सा मानकों और शारीरिक फिटनेस संबंधी शर्तों पर भी खरा उतरना होगा। आयु के मामले में पिछले पाठ्यक्रमों के नियमों के आधार पर एक जुलाई 2027 को साढ़े 16 वर्ष से साढ़े 19 वर्ष के बीच की सीमा बताई गई है, जिसके अनुसार संभावित जन्मतिथि दो जनवरी 2008 से एक जनवरी 2011 के बीच हो सकती है। हालांकि, जन्मतिथि की अंतिम पात्रता विस्तृत आधिकारिक अधिसूचना में दी गई शर्तों के अनुसार ही तय होगी, इसलिए आवेदन से पहले इसे अवश्य जांचना चाहिए।
लिखित परीक्षा नहीं, साक्षात्कार और चिकित्सा जांच से होगा चयन: सेना की इस प्रवेश योजना में उम्मीदवारों को अलग से लिखित परीक्षा देने की जरूरत नहीं होगी। सबसे पहले आवेदनों और जेईई मेन से संबंधित जानकारी के आधार पर पात्र अभ्यर्थियों की छंटनी की जाएगी। शॉर्टलिस्ट किए गए उम्मीदवारों को सेवा चयन बोर्ड के साक्षात्कार के लिए बुलाया जाएगा। साक्षात्कार में सफल होने वाले अभ्यर्थियों की चिकित्सा जांच होगी और इसके बाद अंतिम मेरिट सूची के आधार पर चयन किया जाएगा। इस पाठ्यक्रम के लिए पदों की सटीक संख्या प्रारंभिक सूचना में स्पष्ट नहीं की गई है। पिछले कुछ पाठ्यक्रमों के आधार पर लगभग 90 पद होने का अनुमान लगाया जा रहा है, लेकिन इसे आधिकारिक संख्या नहीं माना जाना चाहिए। प्रशिक्षण सफलतापूर्वक पूरा करने के बाद लेफ्टिनेंट के पद पर नियुक्त अधिकारियों को वेतन स्तर 10 के अनुसार 56,100 रुपये से 1,77,500 रुपये तक मूल वेतन मिल सकता है। इसके अतिरिक्त नियमानुसार सैन्य सेवा वेतन और अन्य भत्ते भी देय होंगे। प्रशिक्षण के दौरान मिलने वाले वजीफे और सुविधाओं की शर्तें विस्तृत अधिसूचना तथा सेना के लागू नियमों के अनुसार होंगी।
ऑनलाइन आवेदन के लिए सेना की वेबसाइट पर करें पंजीकरण: टीईएस-57 में शामिल होने के इच्छुक उम्मीदवारों को joinindianarmy.nic.in पर जाकर अधिकारी प्रवेश से संबंधित आवेदन अनुभाग खोलना होगा। जिन अभ्यर्थियों ने पहले पंजीकरण नहीं किया है, उन्हें अपनी जरूरी जानकारी देकर पंजीकरण पूरा करना होगा। इसके बाद पहचान विवरण और कूटशब्द की सहायता से प्रवेश करके टीईएस-57 के आवेदन विकल्प का चयन करना होगा। फॉर्म में व्यक्तिगत जानकारी, शैक्षणिक विवरण और अन्य मांगी गई जानकारियां सही-सही भरनी होंगी। इसके बाद आवश्यक दस्तावेज अपलोड करके पूरे आवेदन की जांच करनी चाहिए, ताकि किसी तरह की गलती या अधूरी जानकारी के कारण परेशानी न हो। अंतिम चरण में फॉर्म जमा करके उसकी एक प्रति अपने पास सुरक्षित रख लें। आवेदन 14 अक्टूबर से 12 नवंबर 2026 तक किए जा सकेंगे। उम्मीदवारों को अंतिम तारीख का इंतजार करने के बजाय समय रहते आवेदन पूरा करना चाहिए और भर्ती से जुड़े किसी भी बदलाव या अतिरिक्त निर्देश के लिए आधिकारिक वेबसाइट पर जारी सूचना देखते रहना चाहिए।
FSSAI में लीगल कंसल्टेंट के तीन पद, कानून की डिग्री के साथ पांच साल का अनुभव अनिवार्य: भारतीय खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण ने कानूनी सलाहकार के तीन पदों पर अनुबंध के आधार पर नियुक्ति के लिए आवेदन आमंत्रित किए हैं। इस भर्ती के तहत चयनित उम्मीदवारों को नई दिल्ली स्थित प्राधिकरण के मुख्यालय में काम करने का अवसर मिलेगा। आवेदन के लिए किसी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से नियमित माध्यम में कानून की स्नातक डिग्री होना जरूरी है। मुक्त विश्वविद्यालय या दूरस्थ शिक्षा के माध्यम से प्राप्त कानून की डिग्री को इस भर्ती में स्वीकार नहीं किया जाएगा। इसके साथ कानूनी मामलों में कम से कम पांच वर्ष का कार्यानुभव आवश्यक है और आवेदन की अंतिम तारीख तक उम्मीदवार को निर्धारित शैक्षणिक योग्यता तथा अनुभव संबंधी शर्तें पूरी करनी होंगी। अधिकतम आयु सीमा 58 वर्ष निर्धारित की गई है, जिसकी गणना 22 अक्टूबर 2026 को आधार मानकर की जाएगी। चयनित उम्मीदवारों को हर महीने 70,000 रुपये का निश्चित मानदेय दिया जाएगा। नियुक्ति शुरुआती तौर पर एक वर्ष के अनुबंध के लिए होगी, जिसे निर्धारित शर्तों और प्रदर्शन के आधार पर आगे बढ़ाया जा सकता है। इस पद पर अलग से मकान किराया भत्ता, स्थानीय भत्ता या चिकित्सा सुविधाएं देने का प्रावधान नहीं है। यदि अनुबंध एक वर्ष से आगे बढ़ाया जाता है, तो लागू शर्तों के अनुसार पांच प्रतिशत वार्षिक वृद्धि दी जा सकती है।
बिना लिखित परीक्षा साक्षात्कार से चयन, 22 अक्टूबर तक करें आवेदन: एफएसएसएआई की कानूनी सलाहकार भर्ती में उम्मीदवारों का चयन आवेदन की जांच और साक्षात्कार के आधार पर किया जाएगा। पहले प्राप्त आवेदनों में से निर्धारित योग्यता और अनुभव पूरा करने वाले उम्मीदवारों को छांटा जाएगा। इसके बाद चयनित अभ्यर्थियों को साक्षात्कार के लिए बुलाया जाएगा। साक्षात्कार की सूचना ईमेल या टेलीफोन के माध्यम से दी जा सकती है, इसलिए आवेदन में सही संपर्क विवरण भरना जरूरी है। इच्छुक उम्मीदवार fssai.gov.in की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर नौकरी संबंधी अनुभाग में विज्ञापन संख्या 01/2026 का विवरण देख सकते हैं। आवेदन के लिए प्राधिकरण के भर्ती पोर्टल sites.fssai.gov.in/fssaiconsultant/ पर भी जानकारी उपलब्ध है। उम्मीदवारों को आवेदन भरते समय अपनी कानून की डिग्री, अनुभव प्रमाणपत्र और अन्य जरूरी दस्तावेज तैयार रखने चाहिए। आवेदन जमा करने की अंतिम तारीख 22 अक्टूबर 2026 है, इसलिए पात्र अभ्यर्थियों को समय रहते प्रक्रिया पूरी कर लेनी चाहिए। दोनों भर्तियों में आवेदन करने से पहले आधिकारिक अधिसूचना में दी गई शर्तों की जांच करना जरूरी है, क्योंकि सेना की प्रवेश योजना और एफएसएसएआई की अनुबंध आधारित नियुक्ति की योग्यता, चयन प्रक्रिया और सेवा शर्तें अलग-अलग हैं।















































