ध्रुव योग: 23 अक्टूबर 2026
समय: ध्रुव योग 22 अक्टूबर 2026 को रात 11 बजकर 40 मिनट पर शुरू होकर 23 अक्टूबर 2026 को रात 10 बजकर 8 मिनट तक रहेगा।
ध्रुव योग कैसे बनता है: वैदिक पंचांग में सूर्य और चंद्रमा की निरयन स्थितियों के आधार पर 27 नित्य योगों की गणना की जाती है। इसी गणना से ध्रुव योग बनता है। इसे स्थिरता, धैर्य, दीर्घकालीन योजनाओं और स्थायी कार्यों के लिए शुभ माना जाता है।
ध्रुव योग का प्रभाव: इस योग में योजनाबद्ध तरीके से काम करने, महत्वपूर्ण कार्यों को व्यवस्थित करने और दीर्घकालीन लक्ष्य तय करने के लिए समय अनुकूल रहेगा।
शुभ राशियाँ: वृषभ, मिथुन, कन्या, तुला और मकर। इन राशियों के जातकों को कार्यक्षेत्र, योजनाओं और जिम्मेदारियों में स्थिरता तथा प्रगति के अवसर मिलेंगे।
अशुभ राशियाँ: मेष, कर्क, सिंह, वृश्चिक, धनु, कुंभ और मीन। इन राशियों के जातकों को महत्वपूर्ण निर्णय लेते समय धैर्य रखना चाहिए और जल्दबाजी से बचना चाहिए।
विषयोग: 23 अक्टूबर 2026
विषयोग कब बनेगा: 23 अक्टूबर 2026 को दोपहर लगभग 3 बजकर 3 मिनट पर चंद्रमा कुंभ राशि से निकलकर मीन राशि में प्रवेश करेगा। मीन राशि में पहले से वक्री शनि स्थित है। चंद्रमा के मीन राशि में प्रवेश करते ही चंद्रमा और शनि की युति बनेगी, जिसे प्रचलित ज्योतिषीय मान्यता में विषयोग कहा जाता है।
विषयोग कैसे बनता है: ज्योतिषीय मान्यता के अनुसार, चंद्रमा और शनि की एक ही राशि में युति को विषयोग कहा जाता है। चंद्रमा को मन और भावनाओं का कारक माना जाता है, जबकि शनि को अनुशासन, विलंब और जिम्मेदारियों से जोड़ा जाता है। इस युति को मानसिक दबाव, काम में देरी और संबंधों में तनाव से जोड़कर देखा जाता है।
विषयोग का प्रभाव: इस योग के दौरान मानसिक तनाव, पारिवारिक मतभेद, कामकाज में देरी और आर्थिक फैसलों में परेशानी के संकेत माने जाते हैं। इसलिए संबंधित राशियों के जातकों को धैर्य और संयम से काम लेना चाहिए।
शुभ राशियाँ: वृषभ, कर्क, सिंह, तुला, वृश्चिक, मकर और कुंभ। इन राशियों पर विषयोग का प्रभाव अपेक्षाकृत कम रहने की ज्योतिषीय व्याख्या की जाती है। इन राशियों के जातक अपने कामकाज और पारिवारिक मामलों को संयम से संभाल पाएँगे।
अशुभ राशियाँ:
मीन: मानसिक दबाव और जिम्मेदारियों का बोझ बढ़ सकता है। महत्वपूर्ण निर्णय सोच-समझकर लें।
कन्या: दांपत्य जीवन और साझेदारी में तनाव से बचने के लिए बातचीत में संयम रखें।
मिथुन: कार्यक्षेत्र में दबाव और काम में देरी का सामना करना पड़ सकता है।
धनु: घरेलू मामलों और पारिवारिक संबंधों में तनाव से बचने के लिए धैर्य रखें।
उपाय: मीन, कन्या, मिथुन और धनु राशि के जातक भगवान शिव की पूजा करें, शिवलिंग पर जल अर्पित करें और “ॐ नमः शिवाय” मंत्र का जाप करें। जरूरतमंदों की सहायता करें और बुजुर्गों का सम्मान करें।
निष्कर्ष: 23 अक्टूबर 2026 को ध्रुव योग शुभ कार्यों और स्थिर योजनाओं के लिए अनुकूल रहेगा। दोपहर में चंद्रमा के मीन राशि में प्रवेश के बाद शनि के साथ युति से विषयोग बनेगा। राशियों पर इसके फल में व्यक्ति की जन्मकुंडली, लग्न, दशा और ग्रहों की व्यक्तिगत स्थिति के अनुसार कम-ज्यादा हो सकता है।











































