प्रयागराज/शाहजहांपुर: अपनी मर्जी से लिव-इन रिलेशनशिप में रह रहे एक कपल को जान से मारने की धमकियों के बीच इलाहाबाद हाईकोर्ट ने बड़ी राहत दी है। महिला के परिवार की तरफ से दर्ज कराए गए अपहरण के केस में अदालत ने गिरफ्तारी पर रोक लगा दी है और पुलिस की कार्यप्रणाली पर सख्त नाराजगी जताई है।
यह मामला शाहजहांपुर का है, जहां एक बालिग महिला अपने साथी के साथ रह रही थी। महिला ने पुलिस अधीक्षक (SP) को शिकायत दी थी कि उसके माता-पिता और रिश्तेदार इस रिश्ते के खिलाफ हैं और उन्हें ‘ऑनर किलिंग’ (झूठी शान के लिए हत्या) का डर है। शिकायत के बावजूद पुलिस द्वारा कोई ठोस कदम न उठाए जाने पर हाईकोर्ट ने कड़ा रुख अपनाया।
हाईकोर्ट के सख्त निर्देश:
- SP की व्यक्तिगत जवाबदेही: कोर्ट ने आदेश दिया है कि दो वयस्क लोगों की सुरक्षा करना पुलिस का प्राथमिक कर्तव्य है। शाहजहांपुर के पुलिस अधीक्षक इस कपल की जान-माल की सुरक्षा के लिए व्यक्तिगत रूप से जिम्मेदार होंगे।
- परिवार को चेतावनी: अदालत ने महिला के परिवार को सख्त हिदायत दी है कि वे कपल को किसी भी तरह से परेशान न करें, न उनसे संपर्क करें और न ही उनके घर में घुसने की कोशिश करें।
- गिरफ्तारी पर रोक: परिवार द्वारा दर्ज कराए गए अपहरण के मामले में हाईकोर्ट ने आदेश दिया है कि अगली सुनवाई तक दोनों याचिकाकर्ताओं को गिरफ्तार नहीं किया जाएगा।



































