लखनऊ, 10 मई। सिटी इण्टरनेशनल स्कूल, लखनऊ, बाराबंकी एवं जयपुर के छात्रों बड़े धूमधाम से वर्चुअल मातृ दिवस समारोह मनाया एवं सभी माताओं के प्रति अपना प्यार व आभार व्यक्त किया। माताएं ही बच्चों की वह पहली शिक्षिका है जो बड़े प्यार व स्नेह से उनके सर्वांगीण विकास की नींव रखती है, जिस पर चलकर बच्चे भविष्य में समाज के आदर्श नागरिक बनते हैं।सिटी इण्टरनेशनल स्कूल की डायरेक्टर डा. सुनीता गाँधी ने इस अवसर पर बहाई उपदेशों का उल्लेख करते हुए कहा कि “माताएं ही बच्चों ली पहली शिक्षिका व संरक्षिका हैं जो यह सुनिश्चित करती हैं कि बच्चे महान बनें, उनमे सीखने और निर्णय करने का गुण विकसित हो और उनका भावी जीवन खुशियों से भरा रहे।’’
इससे पहले, समारोह का शुभारम्भ माताओं को समर्पित सुमधुर भजनों व गीतों से हुआ। इस अवसर सी.आइ्र.एस. छात्रों ने कविता पाठ, गायन व नृत्य, वाद्ययंत्र वादन एवं क्विज प्रतियोगिता में बढ़चढकर प्रतिभाग कर माताओं के प्रति अपने स्नेह का प्रदर्शन किया। इन प्रतियोगिताओं में प्लेग्रुप से लेकर कक्षा-12 तक के छात्रों ने भाग लिया। इस अवसर पर पाॅवर प्वाइन्ट प्रजेन्टेशन का भी प्रदर्शन किया गया, जिसमें बच्चे कार्ड बनाकर व अन्य आर्ट एण्ड क्राफट गतिविधियों द्वारा माताओं के प्रति आभार व्यक्त करते हुए नजर आये। इस अवसर बच्चों व उनके माता-पिता ने आॅनलाइन विभिन्न रोचक खेलों में प्रतिभाग किया।
सी.आई.एस. की मार्गदर्शक व प्रख्यात शिक्षाविद् डा. भारती गाँधी ने बतौर मुख्य अतिथि मातृ दिवस समारोह में शामिल होकर समारोह की गरिमा को बढ़ाया। इस अवसर डा. गांधी ने अपने उद्बोधन में बच्चों के सुन्दर भविष्य हेतु माताओं के अथक परिश्रम व बलिदान का जिक्र करते कहा कि माँ की महानता की व्याख्या करना संभव नहीं है। माँ तो माँ ही होती है उसकी कोई सानी नहीं होती।
समारोह का मुख्य आकर्षण विद्यालय के उन पाँच बच्चों की माताओं का सम्मान रहा जिनके बच्चों ने इस वर्ष विश्व के प्रख्यात विश्वविद्यालयों में उच्चशिक्षा हेतु चयनित होकर सी.आई.एस. का नाम रोशन किया है। इन छात्रों में कोमल गाँधी, हार्वड यूनिवर्सिटी, इंग्लैण्ड, अनुषा भारद्वाज, इलिनोईस इन्स्टीट्यूट आॅफ टेक्नोलाॅजी, अमेरिका विश्व के प्रख्यात 11 विश्वविद्यालयों में चयनित प्रबल सिंह, अरिहन्त नाथ चैधरी एवं हर्ष वर्मा शामिल हैं।





































