भारतीय शेयर बाजार में 19 अगस्त के दिन कारोबार की शुरुआत काफी सुस्ती और कमजोरी के साथ देखने को मिली। शुरुआती कारोबारी सत्र के दौरान बीएसई का सेंसेक्स और एनएसई का निफ्टी दोनों ही सूचकांक लाल निशान में कारोबार करते नजर आए। बाजार के खुलते ही ऑटो, मेटल, पावर, एनर्जी और रियल्टी सेक्टर के शेयरों पर भारी दबाव स्पष्ट रूप से देखा गया। हालांकि आईटी सेक्टर के कुछ प्रमुख और बड़े शेयरों में हुई खरीदारी ने इंडेक्स को संभालने का भरसक प्रयास किया। इस मिले-जुले रुझान के कारण शुरुआती कारोबार में घरेलू शेयर बाजार में काफी उतार-चढ़ाव का माहौल बना रहा।
सूचकांक का शुरुआती स्तर: शुरुआती कारोबार में बीएसई का प्रमुख सूचकांक सेंसेक्स 29.24 अंक की हल्की सुस्ती के साथ 77,196.22 के स्तर पर खुला। दूसरी ओर एनएसई का निफ्टी 50 इंडेक्स भी 22.85 अंक फिसलकर 24,132.05 के स्तर पर आकर कारोबार करने लगा। गिरावट के इस रुख के कारण निफ्टी अपने 24,100 के अत्यंत महत्वपूर्ण सपोर्ट लेवल के बेहद करीब पहुंच गया। बाजार में करीब 1,210 शेयर बढ़त के साथ हरे निशान में रहे, जबकि 1,135 शेयरों में गिरावट दर्ज की गई। इसके अलावा 154 शेयरों के भाव में कोई खास बदलाव नहीं हुआ, जो निवेशकों की अलग-अलग रणनीति को दर्शाता है।
सेक्टरवार बाजार का रुख: बाजार पर बने चौतरफा दबाव के बीच आईटी और एफएमसीजी सेक्टर ने प्रमुख सूचकांकों को सहारा देने की कोशिश की। इसके विपरीत मेटल, पावर और बैंकिंग सेक्टर के शेयरों ने बाजार को नीचे की ओर खींचने का काम किया। सेक्टोरल इंडेक्स पर नजर डालें तो निफ्टी आईटी 0.84 प्रतिशत और निफ्टी एफएमसीजी 0.35 प्रतिशत की मजबूती के साथ खुले। इसके साथ ही निफ्टी फार्मा इंडेक्स भी 0.16 प्रतिशत की बढ़त दर्ज करने में पूरी तरह से सफल रहा। दूसरी तरफ निफ्टी एनर्जी, रियल्टी, इंफ्रा और बैंक निफ्टी में गिरावट का रुख साफ तौर पर बना रहा।
सेंसेक्स के टॉप गेनर्स: बाजार की इस सुस्ती के बावजूद सेंसेक्स की कई दिग्गज कंपनियों के शेयरों में खरीदारी का सकारात्मक रुख देखा गया। इस दौरान एचसीएल टेक का शेयर 1.14 प्रतिशत की सबसे शानदार बढ़त के साथ टॉप गेनर बनकर उभरा। इसके अलावा इटरनल में 1.08 प्रतिशत, इन्फोसिस में 0.90 प्रतिशत और सन फार्मा में 0.83 प्रतिशत की तेजी दर्ज की गई। विप्रो, टेक महिंद्रा, एनटीपीसी, कोटक बैंक, ट्रेंट और आईटीसी के शेयर भी हरे निशान में कारोबार कर रहे थे। इन मजबूत शेयरों की खरीदारी ने सूचकांक में बड़ी गिरावट को रोकने में अहम भूमिका निभाई।
सेंसेक्स के टॉप लूसर्स: शुरुआती कारोबारी सत्र में मुनाफावसूली और बिकवाली के चलते कई प्रमुख शेयरों में बड़ी गिरावट दर्ज की गई। महिंद्रा एंड महिंद्रा का शेयर 1.17 प्रतिशत की गिरावट के साथ सेंसेक्स का सबसे बड़ा लूसर स्टॉक्स साबित हुआ। वहीं टाटा स्टील में 0.97 प्रतिशत, बजाज फाइनेंस में 0.68 प्रतिशत और बजाज फिनसर्व में 0.62 प्रतिशत की मंदी रही। भारतीय स्टेट बैंक और इंडिगो के शेयर भी लाल निशान में कारोबार करते हुए नीचे गिर गए। इसके अलावा हिंडाल्को, लार्सन एंड टुब्रो और भारत इलेक्ट्रॉनिक्स के शेयरों में भी बिकवाली का भारी असर साफ दिखाई दिया।
कच्चे तेल में तेजी: अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कच्चे तेल की कीमतों में लगातार तेजी का सिलसिला बना हुआ है जो बाजार के लिए महत्वपूर्ण है। क्रूड ऑयल की कीमतें लगातार चौथे कारोबारी सत्र में बढ़त दर्ज करते हुए मजबूती के साथ कारोबार कर रही हैं। वैश्विक बेंचमार्क ब्रेंट क्रूड उछलकर लगभग 91.56 डॉलर प्रति बैरल के स्तर पर पहुंच गया है। वहीं अमेरिकी क्रूड भी बढ़कर लगभग 85.59 डॉलर प्रति बैरल के ऊंचे स्तर पर कारोबार करता हुआ दिखाई दिया। अंतरराष्ट्रीय ऊर्जा बाजार में कच्चे तेल की इन बढ़ती कीमतों से तेजी का रुख लगातार बना हुआ है।














































