पंचांग परिचय एवं तिथियों का विशेष संयोग
भाद्रपद मास के कृष्ण पक्ष की नवमी तिथि को लोक आस्था का महान पर्व ‘गोगा नवमी’ पूर्ण भक्ति-भाव के साथ मनाया जाता है। 5 सितंबर 2026, दिन शनिवार को नवमी तिथि रात्रि 09:54 बजे तक रहेगी, जिसके उपरांत दशमी तिथि का शुभारंभ होगा। इस दिन रात्रि 09:31 बजे तक मृगशिरा नक्षत्र रहेगा, जिसके बाद आर्द्रा नक्षत्र प्रारंभ होगा। योग की बात करें तो दोपहर 12:47 बजे तक वज्र योग रहेगा, तत्पश्चात सिद्धि योग का शुभ संयोग बनेगा।
करण के अंतर्गत तैतिल करण सुबह 11:04 बजे तक रहेगा, जिसके बाद गर करण रात्रि 09:54 बजे तक प्रभावी रहेगा। इस दिन चंद्रमा सुबह 10:18 बजे तक वृषभ राशि में संचार करेंगे और उसके पश्चात मिथुन राशि में प्रवेश कर जाएंगे। भगवान सूर्य देव वर्तमान में अपनी स्वराशि सिंह में विराजमान हैं।
गोगा नवमी: महत्व, परंपरा एवं प्रामाणिक पूजन विधि
गोगा नवमी का पावन पर्व मुख्य रूप से भारत के उत्तरी व पश्चिमी राज्यों—राजस्थान, हरियाणा, पंजाब, हिमाचल प्रदेश तथा उत्तर प्रदेश के कई हिस्सों में गोगाजी महाराज के जन्मोत्सव तथा लोक देवता के रूप में पूजा-अर्चना के लिए प्रसिद्ध है।
लोक देवता गोगाजी महाराज का संक्षिप्त परिचय
गोगाजी (जिन्हें जाहरवीर गोगा जी भी कहा जाता है) को राजस्थान के प्रमुख लोक देवताओं (पांच पीरों) में गिना जाता है। उन्हें योग, तप, मंत्र-शक्ति तथा सर्पदंश से रक्षा करने वाले सिद्ध पुरुष के रूप में मान्यता प्राप्त है। राजस्थान के हनुमानगढ़ जिले के गोगामेड़ी में उनका सुप्रसिद्ध ऐतिहासिक मंदिर स्थित है, जहाँ इस अवसर पर विशाल मेले का आयोजन होता है।
पारंपरिक पूजन विधि
- दीवार पर प्रतीक चित्रांकन: गोगा नवमी के दिन प्रातःकाल स्नान आदि से निवृत्त होकर घर के रसोईघर की मुख्य दीवार पर हल्दी तथा चंदन का लेप लगाकर गोगाजी का प्रतीक चित्र बनाया जाता है। इसके पश्चात तवे की कालिख या कोयले से उस आकृति में रंग भरा जाता है।
- जांटी या गोगा पौधे की स्थापना: खेतों या प्राकृतिक वातावरण में उगने वाले ‘जांटी’ (खेजड़ी) पौधे की टहनी अथवा ‘गोगा’ नामक पौधे को लाकर घर के पूजा स्थल पर स्थापित किया जाता है।
- विधि-विधान से पूजा: जांटी की टहनी को जल, रोली, अक्षत, धूप, दीप तथा भोग अर्पित कर विधि-विधान से पूजा की जाती है। नाग देव और गोगाजी महाराज से परिवार की सुख-समृद्धि तथा विषैले जीवों से रक्षा की प्रार्थना की जाती है।
- विसर्जन: शाम के समय पूजा में प्रयुक्त टहनी या पौधे को आदरपूर्वक किसी पवित्र नदी, जलकुंभ या तालाब में प्रवाहित कर दिया जाता है।
सूर्य, चंद्रमा एवं शुभ-अशुभ काल की समय-सारणी
1. सूर्य और चंद्रमा का समय (Sun & Moon Timings)
- सूर्योदय: सुबह 06:01 AM
- सूर्यास्त: शाम 06:38 PM
- चन्द्रोदय: रात्रि 11:39 PM (5 सितंबर)
- चन्द्रास्त: दोपहर 01:56 PM (6 सितंबर)
2. शुभ मुहूर्त (Auspicious Timings)
- ब्रह्म मुहूर्त: सुबह 04:30 AM से 05:15 AM
- प्रातः सन्ध्या: सुबह 05:15 AM से 06:24 AM
- अभिजित मुहूर्त (सर्वश्रेष्ठ): दोपहर 11:54 AM से 12:45 PM
- विजय मुहूर्त: दोपहर 02:41 PM से 03:31 PM
- अमृत काल: दोपहर 01:17 PM से 02:46 PM
- गोधूलि मुहूर्त: शाम 06:50 PM से 07:13 PM
- सायाह्न सन्ध्या: शाम 06:50 PM से 07:59 PM
3. अशुभ मुहूर्त (Inauspicious Timings)
- दुर्मुहूर्त: सुबह 06:01 AM से 06:51 AM एवं सुबह 06:51 AM से 07:42 AM
- गुलिक काल: सुबह 06:01 AM से 07:36 AM
- यमगण्ड काल: दोपहर 01:54 PM से 03:29 PM
(नोट: राहुकाल और यमगण्ड काल के दौरान किसी भी नए या शुभ कार्य की शुरुआत करने से बचना चाहिए।)
भारत के प्रमुख राज्यों एवं केंद्र शासित प्रदेशों में राहुकाल का समय (5 सितंबर 2026)
शास्त्रों के अनुसार राहुकाल में कोई भी मांगलिक अथवा शुभ कार्य आरंभ नहीं करना चाहिए। स्थान-भेद के कारण सूर्योदय के समय में भिन्नता होने से प्रत्येक शहर का राहुकाल समय अलग होता है। नीचे भारत के विभिन्न राज्यों की राजधानियों का सटीक राहुकाल दिया गया है:
| क्र.सं. | राज्य / केंद्र शासित प्रदेश | राजधानी | राहुकाल समय (05.09.2026) |
| 1 | उत्तर प्रदेश | लखनऊ | सुबह 08:56 AM से 10:30 AM |
| 2 | जम्मू और कश्मीर (UT) | श्रीनगर | सुबह 09:18 AM से 10:55 AM |
| 3 | दिल्ली (UT) | नई दिल्ली | सुबह 09:10 AM से 10:45 AM |
| 4 | आंध्र प्रदेश | अमरावती / विजयवाड़ा | सुबह 09:03 AM से 10:35 AM |
| 5 | अरुणाचल प्रदेश | ईटानगर | सुबह 07:42 AM से 09:15 AM |
| 6 | असम | दिसपुर / गुवाहाटी | सुबह 07:54 AM से 09:27 AM |
| 7 | बिहार | पटना | सुबह 08:35 AM से 10:09 AM |
| 8 | छत्तीसगढ़ | रायपुर | सुबह 08:52 AM से 10:25 AM |
| 9 | गोवा | पणजी | सुबह 09:23 AM से 10:54 AM |
| 10 | गुजरात | गांधीनगर / अहमदाबाद | सुबह 09:31 AM से 11:05 AM |
| 11 | हरियाणा | चंडीगढ़ | सुबह 09:12 AM से 10:48 AM |
| 12 | हिमाचल प्रदेश | शिमला | सुबह 09:11 AM से 10:47 AM |
| 13 | झारखंड | रांची | सुबह 08:37 AM से 10:10 AM |
| 14 | कर्नाटक | बेंगलुरु | सुबह 09:12 AM से 10:44 AM |
| 15 | केरल | तिरुवनंतपुरम | सुबह 09:12 AM से 10:43 AM |
| 16 | मध्य प्रदेश | भोपाल | सुबह 09:10 AM से 10:44 AM |
| 17 | महाराष्ट्र | मुंबई | सुबह 09:30 AM से 11:03 AM |
| 18 | मणिपुर | इम्फाल | सुबह 07:40 AM से 09:13 AM |
| 19 | मेघालय | शिलांग | सुबह 07:53 AM से 09:26 AM |
| 20 | मिजोरम | आइजोल | सुबह 07:43 AM से 09:16 AM |
| 21 | नागालैंड | कोहिमा | सुबह 07:38 AM से 09:11 AM |
| 22 | ओडिशा | भुवनेश्वर | सुबह 08:31 AM से 10:03 AM |
| 23 | पंजाब | चंडीगढ़ | सुबह 09:12 AM से 10:48 AM |
| 24 | राजस्थान | जयपुर | सुबह 09:21 AM से 10:55 AM |
| 25 | सिक्किम | गंगटोक | सुबह 08:12 AM से 09:46 AM |
| 26 | तमिलनाडु | चेन्नई | सुबह 09:01 AM से 10:33 AM |
| 27 | तेलंगाना | हैदराबाद | सुबह 09:03 AM से 10:36 AM |
| 28 | त्रिपुरा | अगरतला | सुबह 07:48 AM से 09:21 AM |
| 29 | उत्तराखंड | देहरादून | सुबह 09:08 AM से 10:44 AM |
| 30 | पश्चिम बंगाल | कोलकाता | सुबह 08:21 AM से 09:54 AM |














































