वॉशिंगटन / तेहरान
अमेरिका और ईरान के बीच युद्धविराम की कोशिशों को Strait of Hormuz (होर्मुज जलडमरूमध्य) में उपजे नए विवाद ने संकट में डाल दिया है। अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने ईरान पर समुद्री व्यापार में अवैध वसूली का गंभीर आरोप लगाया है।
डोनाल्ड ट्रंप की सख्त चेतावनी (Trump’s Warning on Social Media)
राष्ट्रपति ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘Truth Social’ और ‘X’ पर ईरान को आड़े हाथों लिया। उन्होंने लिखा कि ईरान होर्मुज से गुजरने वाले जहाजों से जो ‘शुल्क’ वसूल रहा है, वह बेहद शर्मनाक और समझौते के खिलाफ है। ट्रंप ने स्पष्ट शब्दों में कहा:
“ईरान को तुरंत यह वसूली बंद करनी चाहिए। यह हमारे बीच हुए किसी भी समझौते के अनुरूप नहीं है।”
ईरान का पलटवार: ‘अधिकारों का त्याग नहीं’ (Supreme Leader Mojtaba Khamenei)
ईरान के नए सर्वोच्च नेता Mojtaba Khamenei (मोजतबा खामेनेई) ने सरकारी टीवी के माध्यम से कड़ा संदेश जारी किया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि ईरान युद्ध नहीं चाहता, लेकिन वह अमेरिका या इजराइल की धमकियों के आगे घुटने भी नहीं टेकेगा। उन्होंने कहा कि ईरान अपने Legitimate Rights (वैध अधिकारों) की रक्षा हर कीमत पर करेगा।
क्या यह वास्तव में ‘Ceasefire’ है?
मध्य पूर्व के विशेषज्ञों और Al Jazeera की रिपोर्टों के अनुसार, तेहरान इस मौजूदा स्थिति को पूर्ण ‘युद्धविराम’ मानने से इनकार कर रहा है। जेरेमी स्कैहिल जैसे विश्लेषकों का मानना है कि ईरान इसे केवल एक ‘अस्थायी विराम’ के रूप में देख रहा है। ईरान के सैन्य सूत्रों ने चेतावनी दी है कि उनकी “Fingers are on the trigger” (उंगलियां ट्रिगर पर हैं), जिसका अर्थ है कि यदि उकसावा जारी रहा, तो युद्ध फिर से भड़क सकता है।



































