दक्षिणी लेबनान में इजरायली सेना के एक ताजा सैन्य अभियान के दौरान जबरदस्त विस्फोट देखे गए हैं। सोशल मीडिया और समाचार माध्यमों पर प्रसारित वीडियो में लेबनान के दक्षिणी हिस्से में हुए इन भीषण विस्फोटों को कैद किया गया है, जिसने पूरे इलाके को हिलाकर रख दिया है। इजरायली सेना ने पुष्टि की है कि यह हमला विशेष रूप से हिजबुल्लाह द्वारा निर्मित एक विशाल सुरंग नेटवर्क को निशाना बनाकर किया गया था।
सुरंगों का नेटवर्क: इजरायली रक्षा बल (IDF) ने दावा किया है कि उन्होंने लेबनान के भीतर जमीन के नीचे छिपी हिजबुल्लाह की अंडरग्राउंड सुरंगों को सफलतापूर्वक ध्वस्त कर दिया है। सेना ने इन सुरंगों की संरचना और जटिलता की तुलना गाजा में मिली हमास की सुरंगों से की है। इजरायल के रक्षा मंत्री इजराइल काट्ज़ ने इन रणनीतिक सुरंगों को नष्ट करने के सफल ऑपरेशन की आधिकारिक पुष्टि की है।
दशक भर की मेहनत: इजरायली सैन्य जानकारी के अनुसार, जिन दो बड़ी सुरंगों को नष्ट किया गया है, उन्हें बनाने में हिजबुल्लाह को करीब 10 साल का लंबा समय लगा था। ये सुरंगें जमीन के अंदर लगभग दो किलोमीटर की दूरी तक फैली हुई थीं। सेना द्वारा सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर साझा किए गए वीडियो में दिखाया गया है कि ये सुरंगें भीतर से काफी विस्तृत और आधुनिक सुविधाओं से लैस थीं।
हथियारों का जखीरा: इन ध्वस्त की गई सुरंगों के भीतर से इजरायली सेना को भारी मात्रा में खतरनाक युद्ध सामग्री बरामद हुई है। जांच के दौरान वहां से स्नाइपर बंदूकें, शक्तिशाली विस्फोटक और ऐसे कई उन्नत उपकरण मिले हैं, जिनका उपयोग बड़ी तबाही मचाने के लिए किया जा सकता था। सेना का मानना है कि इन सुरंगों का इस्तेमाल इजरायल के खिलाफ बड़े हमलों की योजना बनाने के लिए किया जाना था।
नेतन्याहू का संकल्प: इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने एक वीडियो संदेश के माध्यम से देश को संबोधित करते हुए कहा कि सेना आतंकियों के बुनियादी ढांचे को लगातार खत्म कर रही है। उन्होंने स्पष्ट किया कि अभियान के दौरान हिजबुल्लाह के कई लड़ाके मारे गए हैं और यह कार्रवाई अभी जारी रहेगी। प्रधानमंत्री ने आतंकियों के खात्मे और नागरिकों की सुरक्षा के प्रति अपनी सरकार की प्रतिबद्धता दोहराई।
गाजा जैसी चेतावनी: रक्षा मंत्री इजराइल काट्ज़ ने एक सख्त चेतावनी जारी करते हुए कहा है कि दक्षिणी लेबनान के आतंकी ठिकानों का भी वही अंजाम होगा जो गाजा का हुआ है। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री ने सेना को ‘ब्लू लाइन’ तक के सुरक्षा क्षेत्र में जमीन के ऊपर और नीचे मौजूद सभी आतंकी ढांचों को पूरी तरह खत्म करने का आदेश दिया है। इस कार्रवाई का मुख्य उद्देश्य गैलीली क्षेत्र के निवासियों को संभावित खतरों से पूरी तरह सुरक्षित करना है।

































