इनामी बदमाश ढेर: उत्तर प्रदेश के हरदोई जनपद में एक खूंखार अपराधी पुलिस मुठभेड़ में मारा गया है। मृतक अपराधी का नाम मेनूर उर्फ शेनूर उर्फ मेहनुद्दीन बताया गया है जो कन्नौज का निवासी था। इस शातिर बदमाश पर प्रशासन की तरफ से 50 हजार रुपये का नकद इनाम घोषित था। मल्लावां इलाके में हुई इस मुठभेड़ में पुलिस की गोली लगने से वह गंभीर रूप से घायल हुआ था। बाद में अस्पताल ले जाने पर इलाज के दौरान इस इनामी अभियुक्त ने दम तोड़ दिया।
जघन्य अपराध: यह अपराधी एक मासूम बच्चे के अपहरण, दुष्कर्म और हत्या के मामले में वांटेड था। शनिवार को मल्लावां थाने में परिजनों द्वारा बच्चे की गुमशुदगी की शिकायत दर्ज कराई गई थी। शिकायत मिलते ही पुलिस प्रशासन ने बच्चे को सकुशल खोजने के लिए सघन अभियान चलाया था। परंतु 3 मई दिन रविवार को इस निर्दयी अपराधी ने अपहृत बच्चे की निर्मम हत्या कर दी। पुलिस से बचने और परिजनों को गुमराह करने के लिए उसने पूरी साजिश रची थी।
फिरौती और शव: बच्चे को मारने के बाद भी अपराधी ने चोरी के सिम कार्ड से परिजनों को फोन किया। उसने फोन करके बच्चे की रिहाई के बदले परिजनों से मोटी फिरौती की मांग की थी। मंगलवार को जांच के दौरान पुलिस को मल्लावां क्षेत्र के एक खेत में बच्चे का शव मिला। इस दर्दनाक घटना के बाद लखनऊ रेंज के आईजी ने गिरफ्तारी के लिए विशेष निर्देश दिए। उन्होंने हत्यारे पर तुरंत 50 हजार का इनाम घोषित करते हुए विशेष टीमें भी गठित कर दीं।
पुलिस पर फायरिंग: बुधवार के दिन पुलिस टीम को आरोपी के उसी क्षेत्र में होने की पक्की खबर मिली। तत्काल कार्रवाई करते हुए पुलिस की टीमों ने उस इलाके की चारों तरफ से घेराबंदी कर ली। जब आरोपी को आत्मसमर्पण करने को कहा गया तो उसने पुलिस बल पर सीधी फायरिंग कर दी। बदमाश की इस अचानक की गई फायरिंग में एसओजी के प्रभारी राजेश कुमार घायल हो गए। आत्मरक्षा और जवाबी फायरिंग करते हुए पुलिस ने भी गोली चलाई जिससे आरोपी गिर पड़ा।
आपराधिक इतिहास: गोली लगने के बाद पुलिस ने उसे दबोच लिया और उसकी तलाशी ली गई। उसके पास से एक चोरी की बाइक, एक पिस्टल, एक तमंचा और कई जिंदा कारतूस मिले हैं। इसके अलावा मृत बच्चे का ताबीज, मोबाइल फोन और इस्तेमाल किया गया चोरी का सिम भी मिला है। पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक यह एक आदतन अपराधी था जिस पर पहले से कई मामले दर्ज थे। अलग-अलग जिलों में इस कुख्यात अपराधी के खिलाफ लगभग बारह मुकदमे दर्ज पाए गए हैं।
वैधानिक कार्रवाई: मुठभेड़ के पश्चात दोनों घायलों को इलाज के लिए तुरंत अस्पताल ले जाया गया। चिकित्सकों ने परीक्षण के बाद अपराधी मेनूर को मृत घोषित कर दिया है। घायल एसओजी इंचार्ज राजेश कुमार की हालत अभी स्थिर है और उनका उपचार जारी है। एसपी अशोक कुमार मीणा ने बताया कि पुलिस इस मामले की गहनता से पड़ताल कर रही है। मृतक के शव का पंचनामा भरकर पोस्टमॉर्टम तथा अन्य फॉरेंसिक जांच की प्रक्रिया चल रही है।



































