प्रेस कांफ्रेंस में हरीश रावत, अजय माकन और नवजोत सिंह सिद्धू मीडिया से रूबरू हुए। इस मौके पर पूरे समय नवजोत सिंह सिद्धू चुप रहे। हरीश रावत ने मीडिया को संबोधित करते हुए कहा-“सीएमपी की मीटिंग हुई। उस मीटिंग में सर्वसम्मति से दो संकल्प पास हुए। सभी मेंबर्स आए थे।
पहला संकल्प कैप्टन अमरिंदर सिंह को धन्यवाद प्रस्ताव करते हुए था। हमारी और AICC की इच्छा थी कि कैप्टन अमरिंदर सिंह जिन्होंने काबिलियत के साथ विधानमंडल का नेतृत्व किया और एक बहुत अच्छी सरकार पंजाब को दी। जो चुनौतियां थी उन चुनौतियों का उन्होंने सामना किया और उसके समाधान ढूंढे।
उन्होंने कांग्रेस प्रेजेंस से बात करने के बाद अपना पद छोड़ने का निर्णय लिया।राज्यपाल पंजाब-हरियाणा को अपना इस्तीफा सौंप दिया। इस आलोक में हमारे आग्रह पर हमारे आब्जर्वर अजय माकन ने एक संकल्प मूव किया जिसको तृप्त बाजवा जी ने सेकहैंड किया। सारे हाऊस में उसे पारित किया गया।
हरीश रावत ने कहा कि इसके अलावा दूसरा संकल्प भी पारित किया गया। इसमें सब वरिष्ठ नेता और मंत्रियों की इच्छा थी कि कांग्रेस प्रेसिडेंट ही प्रदेश में कांग्रेस दल का नेता चुनें। हमारा ट्रेडिशन रहा है कि कांग्रेस प्रेसिडेंट ही हमारी तरफ से दल का नेता चुनते हैं। इस संकल्प को सीनियर लीडर ब्रह्म महिंद्रा ने मूव किया जिसको राजकुमार विरका जो दलित नेता हैं उन्होंने उसको सेकहैंड किया।
इसके अलावा संगत सिंह ने भी सेकहैंड किया। हाउस ने सर्वसम्मति से हाथ खड़े करके इस प्रस्ताव को पारित किया है। कांग्रेस प्रेसिडेंट के पास पंजाब कांग्रेस की सीएलपी की इच्छा पहुंचा दी गई है। उनके निर्णय का इंतजार किया जा रहा है।
मैं चाहता हूं कि मुझमें रुचि बनी रहे- रावत


































