उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को गोंडा में आयोजित कार्यक्रम के दौरान समाजवादी पार्टी पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने सपा को उत्तर प्रदेश के लिए अभिशाप बताते हुए आरोप लगाया कि पार्टी जब भी प्रदेश की सत्ता में आई, अराजकता और अव्यवस्था को बढ़ावा मिला। मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछली सपा सरकारों के कार्यकाल में प्रदेश की स्थिति प्रभावित हुई और विकास का लाभ सभी क्षेत्रों तक समान रूप से नहीं पहुंचा। कार्यक्रम के दौरान उन्होंने 520 करोड़ रुपये से अधिक की लागत वाली 69 विकास परियोजनाओं का शुभारंभ किया। इन परियोजनाओं के जरिए क्षेत्र में विकास कार्यों को आगे बढ़ाने की बात कही गई। मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में वर्तमान सरकार की विकास योजनाओं का उल्लेख किया और पिछली सरकारों की कार्यशैली की आलोचना की। उन्होंने कहा कि प्रदेश में अब विकास को लेकर अलग-अलग क्षेत्रों के बीच भेदभाव नहीं किया जा रहा है और योजनाओं को व्यापक स्तर पर लागू किया जा रहा है।
गोंडा के खाद्यान्न घोटाले का उठाया मुद्दा: योगी आदित्यनाथ ने समाजवादी पार्टी के शासनकाल में गोंडा में हुए खाद्यान्न घोटाले को लेकर गंभीर आरोप लगाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि सपा सरकार के दौरान जिले में सबसे बड़ा खाद्यान्न घोटाला हुआ था। उन्होंने पार्टी को उत्तर प्रदेश के लिए अभिशाप बताते हुए कहा कि जब-जब उसे सत्ता मिली, प्रदेश में अराजकता का माहौल बना। उनके मुताबिक, सपा के शासनकाल में अव्यवस्था को बढ़ावा मिला और जनता को इसका नुकसान उठाना पड़ा। मुख्यमंत्री ने इस मुद्दे को उठाकर पिछली सरकार के कामकाज पर सवाल खड़े किए। उन्होंने कहा कि प्रदेश को ऐसी व्यवस्था की जरूरत है, जिसमें जनता के हितों और विकास को प्राथमिकता मिले। गोंडा में आयोजित कार्यक्रम में विकास परियोजनाओं की शुरुआत के साथ मुख्यमंत्री ने सपा सरकार के दौरान हुए कथित घोटाले का उल्लेख किया और इसे अपने राजनीतिक हमले का प्रमुख आधार बनाया।
प्रदेश के सभी जिलों और निकायों तक पहुंच रही योजनाएं: मुख्यमंत्री ने दावा किया कि मौजूदा सरकार विकास कार्यों को किसी एक क्षेत्र तक सीमित नहीं रख रही है। उन्होंने बताया कि प्रदेश के सभी 75 जिलों, 350 तहसीलों, 825 विकास खंडों और 762 नगरीय निकायों में तेजी से विकास कार्य कराए जा रहे हैं। उनके अनुसार, सरकार बड़ी-बड़ी योजनाओं को जमीन पर उतार रही है और सभी क्षेत्रों को विकास की प्रक्रिया से जोड़ रही है। योगी आदित्यनाथ ने पिछली सरकारों पर आरोप लगाया कि उस समय विकास कार्यों में भेदभाव होता था और कुछ चुनिंदा इलाकों को ही प्राथमिकता दी जाती थी। उन्होंने सैफई का उदाहरण देते हुए कहा कि पहले विकास का केंद्र कुछ खास स्थान बने रहते थे। सैफई समाजवादी पार्टी के संस्थापक और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री मुलायम सिंह यादव का पैतृक गांव है। मुख्यमंत्री ने इस संदर्भ में कहा कि अब प्रदेश के विकास का लाभ सभी जिलों और क्षेत्रों तक पहुंचाया जा रहा है।
बिजली और मुफ्त राशन को बताया सरकार की उपलब्धि: मुख्यमंत्री ने बिजली आपूर्ति के मुद्दे पर भी पिछली सरकारों से अपनी सरकार की तुलना की। उन्होंने कहा कि अब बिजली केवल रामपुर या सैफई जैसे चुनिंदा स्थानों तक सीमित नहीं है, बल्कि गोंडा, बहराइच और बलरामपुर सहित दूसरे जिलों को भी समान रूप से बिजली मिल रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि उनकी सरकार गरीब परिवारों को मुफ्त राशन उपलब्ध करा रही है और जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ जरूरतमंद लोगों तक पहुंचाया जा रहा है। उन्होंने इन योजनाओं को आम जनता के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने वाली व्यवस्था का हिस्सा बताया। उनके अनुसार, प्रदेश में बिजली और सरकारी योजनाओं का लाभ क्षेत्र विशेष के बजाय व्यापक स्तर पर दिया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने यह भी रेखांकित किया कि सरकार की प्राथमिकता गरीबों और जरूरतमंदों तक सुविधाएं पहुंचाना है। गोंडा में विकास परियोजनाओं के शुभारंभ के दौरान उन्होंने इन व्यवस्थाओं को अपनी सरकार की नीतियों और कार्यशैली का उदाहरण बताया।
चार कार्यकाल में 1500 दंगों का सपा पर आरोप: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गोरखपुर में इससे पहले आयोजित एक कार्यक्रम में भी समाजवादी पार्टी के शासनकाल को लेकर तीखा बयान दिया था। उन्होंने आरोप लगाया था कि सपा के चार कार्यकाल के दौरान प्रदेश में 1500 बार दंगे हुए। गोंडा में भी उन्होंने सपा को अराजकता और अव्यवस्था से जोड़ते हुए पार्टी की सरकारों पर हमला बोला। मुख्यमंत्री के इन बयानों में कानून-व्यवस्था का मुद्दा प्रमुखता से सामने आया। उन्होंने सपा शासनकाल के दौरान हुए कथित दंगों और गोंडा के खाद्यान्न घोटाले का उल्लेख करते हुए विपक्षी दल की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए। गोरखपुर में दिया गया बयान भी सपा के शासनकाल की आलोचना के संदर्भ में था। मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में वर्तमान सरकार के विकास कार्यों और जनकल्याणकारी योजनाओं का उल्लेख करते हुए पिछली सरकारों से अपनी नीतियों को अलग बताया।
भाजपा को आस्था का पक्षधर, सपा-कांग्रेस को कुशासन का प्रतीक बताया: मुख्यमंत्री ने भाजपा और विपक्षी दलों की विचारधारा तथा कार्यशैली के बीच अंतर बताते हुए कहा कि भाजपा का अर्थ आस्था है। उनके अनुसार, भारतीय जनता पार्टी लोगों की आस्था का सम्मान करती है और उनके जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने के लिए प्रतिबद्ध है। इसके साथ ही उन्होंने समाजवादी पार्टी और कांग्रेस पर निशाना साधते हुए दोनों दलों को अपराध और कुशासन का प्रतीक बताया। मुख्यमंत्री ने कहा कि भाजपा जनता की आस्था से जुड़े विषयों का सम्मान करती है और विकास के माध्यम से लोगों के जीवन में बदलाव लाने के लिए काम करती है। गोंडा में आयोजित कार्यक्रम में उन्होंने एक ओर 520 करोड़ रुपये से अधिक की 69 परियोजनाओं का शुभारंभ किया, वहीं दूसरी ओर विपक्षी दलों के शासनकाल और नीतियों की आलोचना की। उनके संबोधन में विकास योजनाओं, बिजली आपूर्ति, मुफ्त राशन और कानून-व्यवस्था के मुद्दों के साथ भाजपा तथा विपक्ष के बीच राजनीतिक अंतर को प्रमुखता दी गई।













































