India के कई प्रमुख बैंकों ने गुरुवार को NRI के लिए एक नई विदेशी मुद्रा प्रवासी डिपॉजिट स्कीम शुरू की है। इस नई शानदार डिपॉजिट स्कीम में निवेशकों को पहले के मुकाबले बंपर ब्याज दरों की पेशकश की जा रही है। SBI और ICICI बैंक जैसे देश के बड़े बैंक इस नई योजना में बढ़-चढ़कर हिस्सा ले रहे हैं। एनआरआई फिक्स्ड डिपॉजिट की इन ब्याज दरों में बढ़ोतरी RBI के एक महत्वपूर्ण फैसले के बाद आई है। दरअसल RBI ने हाल ही में बैंकों के लिए तीस सितंबर तक विदेशी मुद्रा अदला-बदली खिड़की की घोषणा की थी।
विदेशी पूंजी आने की भारी उम्मीद RBI के इस नए और महत्वपूर्ण कदम से देश के सभी बैंकों को बहुत बड़ी राहत मिली है। बैंकों को इन विशेष डिपॉजिट पर वहन की जाने वाली मुद्रा की हेजिंग लागत से अब प्रभावी रूप से राहत मिल गई है। इस लागत में कमी आने के कारण ही बैंकों के पास अपनी जमा दरों में बढ़ोतरी करने की व्यापक गुंजाइश बनी है। इस बड़े वित्तीय कदम का मुख्य उद्देश्य विदेशों में रहने वाले भारतीयों से ज्यादा से ज्यादा फॉरेन करेंसी डिपॉजिट आकर्षित करना है। वित्तीय जानकारों का यह साफ मानना है कि इस योजना के तहत India में करीब साठ से सत्तर अरब डॉलर की विदेशी पूंजी आ सकती है।
प्रमुख बैंकों के आकर्षक ऑफर्स ICICI बैंक ने अपनी आधिकारिक वेबसाइट पर बताया है कि वह ग्यारह जून से NRI एफडी पर साढ़े छह प्रतिशत का ब्याज दे रहा है। वहीं दूसरी ओर SBI ने अमेरिकी डॉलर में तीन से पांच साल की अवधि वाली अपनी नई एडवांटेज डिपॉजिट स्कीम शुरू की है। SBI की इस नई विशेष डिपॉजिट योजना में निवेशकों के लिए एक साल का लॉक-इन पीरियड भी अनिवार्य रूप से रखा गया है। बैंक के मुताबिक दस लाख डॉलर से ज्यादा की तीन से चार साल की डिपॉजिट पर साढ़े पांच प्रतिशत का भारी ब्याज मिलेगा। इसी तरह चार से पांच साल के डिपॉजिट पर पौने छह प्रतिशत और पांच साल के डिपॉजिट पर छह प्रतिशत ब्याज दिया जाएगा।
विभिन्न विदेशी मुद्राओं पर नई दरें Bank of Baroda ने भी अपनी नई योजना के तहत अलग-अलग विदेशी मुद्राओं में तीन से पांच साल की अवधि वाली जमाओं पर दरें बढ़ाई हैं। इन नई दरों के तहत अमेरिकी डॉलर की जमा राशि पर अधिकतम छह प्रतिशत का शानदार ब्याज दिया जाएगा। ब्रिटिश पाउंड और ऑस्ट्रेलियाई डॉलर में पैसा जमा करने वाले निवेशकों को पौने पांच प्रतिशत का रिटर्न मिलेगा। कनाडाई डॉलर में अपनी राशि जमा करने वाले ग्राहकों के लिए सवा पांच प्रतिशत का सुरक्षित ब्याज तय किया गया है। इसके अलावा जो ग्राहक अपना पैसा यूरो में जमा करेंगे उन्हें पौने चार प्रतिशत का निश्चित ब्याज प्रदान किया जाएगा।
अन्य प्राइवेट बैंकों की शानदार ब्याज दरें Kotak Mahindra बैंक ने भी ग्यारह जून से अपनी नई विदेशी जमा ब्याज दरों की आधिकारिक घोषणा कर दी है। इस बैंक में दस लाख डॉलर से कम के डिपॉजिट पर छह प्रतिशत और इससे ज्यादा पर सवा छह प्रतिशत ब्याज मिलेगा। HDFC बैंक ने भी दस जून से तीन से पांच साल की डिपॉजिट पर ब्याज दर बढ़ाकर छह प्रतिशत कर दिया है। यह नई दर दस जून से तीस सितंबर 2026 के बीच शुरू किए गए डिपॉजिट अकाउंट्स पर ही लागू होगी। AU Small Finance Bank ने भी दस जून 2026 से अमेरिकी डॉलर में डिपॉजिट पर अधिकतम ब्याज को सवा पांच प्रतिशत से बढ़ाकर सात दशमलव एक शून्य प्रतिशत कर दिया है।
विदेशी निवेशकों के बीच इस खाते की लोकप्रियता यह विशेष अकाउंट NRI निवेशकों को विदेशी मुद्रा में India में अपने पैसे जमा करने की सुरक्षित सुविधा देते हैं। इन खास खातों पर मिलने वाला ब्याज हमेशा एक्सचेंज रेट में होने वाले भारी उतार-चढ़ाव से पूरी तरह सुरक्षित रहता है। इसी तरह निवेशकों का मूलधन यानी प्रिंसिपल अमाउंट भी बाजार के जोखिमों से बचकर पूरी तरह से महफूज रहता है। अपनी इन्हीं बेहतरीन और सुरक्षित विशेषताओं के कारण ये विशेष खाते NRI निवेशकों के बीच बहुत अधिक लोकप्रिय माने जाते हैं। इन खातों के माध्यम से विदेशी भारतीय बिना किसी मुद्रा जोखिम के अपने देश में निवेश करके शानदार मुनाफा कमा सकते हैं।





































