हिंदी सिनेमा के दिग्गज अभिनेता ओम पुरी आज बेशक इस दुनिया में नहीं हैं, लेकिन वे अपने दमदार अभिनय के कारण आज भी दर्शकों के दिलों में जिंदा हैं। उन्होंने कई दशकों तक हिंदी सिनेमा पर राज किया और जनवरी 2017 में इस दुनिया को अलविदा कह दिया था। ओम पुरी ने केवल हिंदी सिनेमा में ही नहीं, बल्कि अंग्रेजी और कई अन्य अंतरराष्ट्रीय फिल्मों में भी अपने अभिनय की गहरी छाप छोड़ी। प्रोफेशनल लाइफ में सफलता की बुलंदियों को छूने वाले ओम पुरी की निजी जिंदगी काफी विवादों और कड़े संघर्षों से भरी रही थी। उन्होंने अपने जीवन में दो शादियां की थीं, लेकिन दुर्भाग्य से उनकी दोनों ही शादियां असफल रहीं और टूट गईं।
दो शादियों और तलाक का दर्द ओम पुरी ने अपने जीवन में पहली शादी मशहूर अभिनेता अन्नू कपूर की बहन सीमा कपूर के साथ की थी। इसके बाद उनकी दूसरी शादी जानी-मानी लेखिका और पत्रकार नंदिता पुरी के साथ हुई थी। उनकी पहली पत्नी सीमा कपूर ने हाल ही में उनके साथ अपनी शादी और तलाक को लेकर खुलकर बात की है। सीमा कपूर ने एक इंटरव्यू में अपनी टूटी हुई शादी और उस दौरान के संघर्षों पर कई बेहद चौंकाने वाले खुलासे किए हैं। उन्होंने बताया कि कैसे 11 साल तक डेट करने के बाद हुई उनकी शादी महज कुछ ही सालों में टूट कर बिखर गई।
शादी टूटने की असल वजह हिंदी रश के साथ अपनी खास बातचीत में सीमा कपूर ने ओम पुरी के साथ अपनी शादी टूटने की असली वजह पर रोशनी डाली। उन्होंने बताया कि शादीशुदा होते हुए भी उनके पति ओम पुरी की नजदीकियां दूसरी महिला नंदिता के साथ बढ़ने लगी थीं। इसी बढ़ती नजदीकी और एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर के चलते दोनों के रिश्ते में दरार आई और अंततः उनका तलाक हो गया। जब ओम पुरी ने सीमा कपूर से तलाक लिया, तब वह प्रेग्नेंट थीं और एक नई जिंदगी का इस दुनिया में स्वागत करने वाली थीं। लेकिन इस धोखे ने उनकी जिंदगी को पूरी तरह से तहस-नहस कर दिया और वे बुरी तरह टूट गईं।
परिवार लीगल एक्शन के पक्ष में था तलाक और धोखे के इस गहरे सदमे के बावजूद सीमा ने ओम पुरी से किसी तरह का लड़ाई-झगड़ा करने के बजाय शांत रहना ही ठीक समझा। उन्होंने खुलासा किया कि उनका परिवार, विशेष रूप से उनके भाई और अभिनेता अन्नू कपूर चाहते थे कि वह ओम पुरी के खिलाफ सख्त लीगल एक्शन लें। सीमा ने बताया कि पुरी साहब से अलग होने के बाद वह पूरी तरह टूट चुकी थीं और अपने माता-पिता के पास राजस्थान चली गई थीं। उन्हें इस भयानक दर्द और तकलीफ में देखकर उनके परिवार ने उन्हें कानूनी कार्रवाई करने और न्याय मांगने को कहा था। विशेष रूप से उनके भाई अन्नू कपूर इस अन्याय के खिलाफ अपनी बहन को कानूनी लड़ाई लड़ने के लिए लगातार प्रेरित कर रहे थे।
कानूनी लड़ाई के लिए तैयार नहीं थीं सीमा सीमा आगे बताती हैं कि उनके भाई अन्नू कपूर उनसे बहुत प्यार करते थे और इसलिए वे उन्हें इस दुख में बिल्कुल नहीं देख पा रहे थे। अन्नू चाहते थे कि सीमा इन सबका जवाब एक सख्त कानूनी लड़ाई के साथ दें और अपने हक के लिए मजबूती से खड़ी हों। लेकिन, सीमा इस कानूनी लड़ाई के लिए मानसिक रूप से बिल्कुल भी तैयार नहीं थीं और उन्होंने इससे साफ इनकार कर दिया। सीमा को कभी इस बात का एहसास ही नहीं हुआ था कि उनका और पुरी साहब का इतना लंबा रिश्ता एक दिन यूं टूट जाएगा। उन्हें लगता था कि अगर वे कानूनी लड़ाई लड़ेंगी तो उनके रिश्ते का बचा हुआ भविष्य और उसकी गरिमा पूरी तरह खत्म हो जाएगी।
बच्चा खोने का सबसे बड़ा सदमा सीमा कपूर ने आगे बताया कि कैसे वह उस मुश्किल समय में एक ही साथ दो-दो सबसे बड़े दुखों और दर्द से गुजर रही थीं। एक तरफ उन्हें अपने पति से जुदाई का गम था और दूसरी तरफ उनका प्यारा बच्चा इस दुनिया में आने से पहले ही उन्हें छोड़कर चला गया। उन्होंने बताया कि अपने अजन्मे बच्चे को खोने के बाद उन्होंने उस बच्चे को खत भी लिखे और पूछा कि तुम क्यों नहीं आए? वे खत लिखकर पूछती थीं कि आखिर क्या कमी रह गई थी और फिर खुद ही बच्चे की तरफ से उन खतों के जवाब भी लिखती थीं। अपना बच्चा खोने के तुरंत बाद ही उनके पास तलाक के पेपर भी आ गए थे, और वे इन बैक टू बैक झटकों से बिल्कुल भी डील नहीं कर पा रही थीं।





































