केन्द्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी कल यानी गुरुवार को राजस्थान के बाड़मेर में इमरजेंसी लैंडिंग फील्ड का उद्घाटन करेंगे. भारतीय वायु सेना के विमान में ये दोनों केंद्रीय मंत्री राष्ट्रीय राजमार्ग पर आपातकालीन लैंडिंग करेंगे. एनएच 925 भारत का पहला ऐसा राष्ट्रीय राजमार्ग है जिसका इस्तेमाल वायुसेना के विमानों को आपात स्थिति में उतारने के लिए किया जा रहा है. दरअसल भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण ने भारतीय वायु सेना के लिए आपातकालीन स्थिति में विमान उतारने के लिए NH -925A के सट्टा-गंधव खंड के तीन किलोमीटर के हिस्से पर आपातकालीन पट्टी का निर्माण किया है.
ये पट्टी भारतमाला परियोजना के तहत गगरिया-बखासर सट्टा-गंधव खंड के नव विकसित टू-लेन पेव्ड शोल्डर का हिस्सा है. जिसकी लंबाई 196.97 किमी है. इसकी लागत क़रीब 765.52 करोड़ रूपए है.
ये समझना बेहद जरूरी है कि पेव्ड शोल्डर किसे कहते हैं दरअसल पेव्ड शोल्डर उस भाग को कहा जाता है जिस सड़क पर गाड़ियां सुचारू रूप से गुजरती हैं. ये परियोजना अंतरराष्ट्रीय सीमा के करीब है. बाड़मेर जालौर जिलों के गांव के बीच में कनेक्टिविटी बनाने वाली है. इस परियोजना से सीमावर्ती इलाकों में निगरानी करने में मदद भी मिलेगी.
हार्न की कर्कश आवाज से मिलेगी मुक्ति, अब गाड़ियों में बजेगी ये मधुर ध्वनि
देश की जनता को जल्द गाड़ियों के हॉर्न की कर्कश आवाज से निजात मिलने वाली है. हॉर्न (vehicles horn) की तेज आवाज की जगह भारतीय वाद्य यंत्र की मधुर ध्वनि सुनाई देगी. दरअसल, केंद्रीय सड़क परिवहन राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने हॉर्न की आवाज पर नाराजगी जताते हुए कहा है कि विभाग हॉर्न की आवाज बदलने पर काम कर रहा है. योजना के मद्देनजर दिल्ली में केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी (Union Minister Nitin Gadkari) ने अधिकारियों के साथ बैठक की है आने वाले वक्त में इसकी रूपरेखा तैयार कर ली जाएगी.
क्या है नितिन गडकरी की योजना?
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने अधिकारियों के साथ बैठक करके नए नियमों को लेकर रणनीति बनाई है. नितिन गडकरी का कहना है कि आपको जल्द ही गाड़ियों के हॉर्न की कर्कश आवाज से मुक्ति मिल जाएगी.





































